शनिवार, 1 मार्च 2014

मेरे अच्छे समय के साथी!


मेरे अच्छे दिनों के साथी ,
बचा रखी है कुछ तुम्हारी कल्पनाएँ 
बुरे दिनों के लिए मैंने !
जब कभी बेचैनी में नींद न आये 
दुबक कर स्मृतियों की दोहर में 
लिपट सो रहती हूँ !

मेरे अच्छे समय के साथी! 
तुम्हारा हाथ थामे चलते 
इन पगडंडियों पर 
कुछ हसीं लम्हे चुरा कर रखती गयी हूँ
स्मृतियों की तिजोरी में !
उन दिनों के लिए
जब तुम साथ होकर भी साथ नहीं होते!!

19 टिप्‍पणियां:

  1. बैंकर हूँ इसलिये यही कहूँगा कि यह स्मृतियों की छोटी-छोटी बचत, यादों की एक बड़ी सम्पदा सिद्ध होती है! और इस कविता से, जो भले ही एक व्यक्तिगत सम्वाद के तौर पर एक व्यक्ति विशेष की उक्ति या अभिव्यक्ति है, मैंने तो यह सन्देश भी पाया है कि जीवन पथ पर जब से स्मृतियाँ ही 'बुरे दिनों के लिये' काम आने वाली हैं, तो क्यों न अपने साथी/साथियों की अच्छाई/अच्छाईयों को ही संजोएँ! ताकि जब भी बुरे दिनों में उसे/उन्हें याद करें तो सब अच्छा-अच्छा ही हो! वैसे भी 'बुरा जो देखन मैं चला...!"
    बहुत सिम्पल सी कविता, मगर बहुत इंटेंस!!

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  2. जिसके पास सुमित्र हों उसे कुदिन का सामना ही नहीं करना पड़ता...यादों का खजाना जो उसके पास है...सुंदर कविता !

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  3. अच्छे दिनों की स्मृतियाँ ही अवसाद में ऊर्जा देती हैं।

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  4. सलिल भाई से सहमत हूँ ...... करना थोड़ा कठिन जरूर होता है असंभव नहीं .....
    वैसे बहुत अच्छी रचना है और उतनी समझदार आप भी .....
    हार्दिक शुभकामनायें

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  5. यही तो हैं स्मृतियाँ जो संबल बनती हैं.

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  6. ब्लॉग बुलेटिन की आज की बुलेटिन ब्लॉग-बुलेटिन - आधा फागुन आधा मार्च मे आपकी पोस्ट को भी शामिल किया गया है ... सादर आभार !

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  7. मीठी यादें तंगहाली में पूँजी का काम करतीं हैं ,इसलिये इन्हें संजो कर रखना चाहिये । अच्छी कविता ।

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  8. मधुर स्मृतियाँ चुपचाप ही विषम को साध लेती हैं - हमेशा साथ देती हैं .

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  9. मेरे अच्छे समय के साथी
    साथ रहना यूँ ही
    तभी तो जीवन की राह को सहयात्री बन काट लेंगे
    दर्द को हम बाँट लेंगे

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  10. स्मृतियाँ हर समय संबल देती हैं ... चुपचाप चली आती हैं सुनहरी दुनिया में ले जाती हैं ... भावपूर्ण रचना ...

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  11. स्मृतियाँ ही जीवन हैं ….

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  12. शानदार प्रस्तुति. से साक्षात्कार हुआ । मेरे नए पोस्ट
    "सपनों की भी उम्र होती है " (Dreams havel life) पर आपकी प्रतिक्रिया अपेक्षित है।

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  13. स्मृतियाँ ही तो है जो ऊर्जा देती हैं।

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  14. समय तो बुरा हो सकता है ,साथी सदा अच्छा ही रहता है स्मृतियों में ....

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  15. समय तो बुरा हो सकता है ,साथी सदा अच्छा ही रहता है स्मृतियों में ....

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